अपनी राम कहानी है


रतन
सपनों के बारे में कहना
कुछ कहना बेमानी है
दुनिया के लोगों जैसी ही
अपनी राम कहानी है
सोना चांदी महल इमारत
सब कुछ पल के साथी हैं
सच यह है कुछ और नहीं है
जीवन दाना पानी है
गम और खुशियाँ रात दिवस ये
शाम सुबह और सूरज चाँद
ये वैसे ही आते जाते
जैसे आनी जानी है
अगर मगर लेकिन और किन्तु
ये सब हमको उलझाते
इन पर वश तब तक चलता है
जब तक साथ जवानी है
अपनी राह नहीं है सीधी
चिंता गैरों को लेकर
उनके बारे में कुछ कहना
आदत वही पुरानी है

Comments

  1. हिन्दि मे खोज!
    http://www.yanthram.com/hi/

    हिन्दि खोज अपका सैटु के लिये!
    http://hindiyanthram.blogspot.com/

    हिन्दि खोज आपका गुगुल पहेला पेजि के लिये!
    http://www.google.com/ig/adde?hl=en&moduleurl=http://hosting.gmodules.com/ig/gadgets/file/112207795736904815567/hindi-yanthram.xml&source=imag

    ReplyDelete

Post a comment

सुस्वागतम!!

Popular posts from this blog

गढ़ तो चित्तौडग़ढ़...

Bhairo Baba :Azamgarh ke

Maihar Yatra

Most Read Posts

Bhairo Baba :Azamgarh ke

Maihar Yatra

Azamgarh : History, Culture and People

सीन बाई सीन देखिये फिल्म राब्स ..बिना पर्दे का

रामेश्वरम में

ये क्या क्रिकेट-क्रिकेट लगा रखा है?

गन्ने के खेत में रजाई लेकर जाती पारो

गढ़ तो चित्तौडग़ढ़...

चित्रकूट की ओर

चित्रकूट में शेष दिन