विश्वशांति के लिए खतरा मत्स्यन्याय
इष्ट देव सांकृत्यायन बात बेहद कड़वी है, लेकिन वस्तुस्थिति को सरल शब्दों में समझाने का इससे बेहतर तरीका नहीं है। भगवान न करें, लेकिन मान लीजिए कि आपके पास बहुत उपजाऊ खेत हों और उस पर किसी माफिया की नजर हो। वह माफिया कल अपना गिरोह लेकर आए और आपका अपहरण कर ले जाए। साथ नाचने के लिए सौ-दो सौ भाड़े के नचनिए लेकर आए और आपके अपहरण के बाद उन्हें आपके दरवाजे पर नचाने लगे, या आपके ही परिवार के किसी बिगड़े हुए गजेड़ी बच्चे को सुलफा सुंघाकर नचाने लग जाए, तो क्या इससे ये सिद्ध हो जाता है कि आपके अपहरण और आपके खेतों पर उस माफिया के कब्जे से आपके परिवार में खुशी की लहर दौड़ गई है? बिलकुल यही वेनेजुएला के साथ हो रहा है। दुर्भाग्य यह कि नरेंद्र मोदी के नाम पर दशकों से भारत के अहित की कामना में लगे हुए चुटकी भर निर्लज्ज लालची तत्त्व इन भाड़े के नचनियों को उदाहरण बना रहे हैं। जबकि सच यह है कि ट्रंप जैसे बड़बोले तानाशाह के नेतृत्व में संयुक्त राज्य अमेरिका, न केवल पूरे उत्तर एवं दक्षिण अमेरिकी महाद्वीप, बल्कि विश्वशांति के लिए खतरा बन चुका है। इससे भी बड़ा दुर्भाग्य यह है कि पूरा यूरोपीय यूनियन लंबे समय से अ...